Description
Practical Nadi Astrology [English] 9788185781478 Thoroughly digested the sage's principles Author:Shri Radharaman 'Suman' novel ज ज ञ स KAB1013 Thoroughly digested the sage's principles before they compiled their works किन्तु दिखाई नहीं देता । बीज को तोड़कर देखने से भी कहीं वृक्ष का पता नहीं चलता वैज्ञानिक भी उसे नहीं दिखा सकते जिसने बीज ना देखा हो और वृक्ष ही देखा हो वह कभी यह नहीं कह सकता इस विशाल वृक्ष का कारण एक छोटा सा बीज हो सकता है। फिर यदि वृक्ष की उमर हजारों वर्ष की हो व मनुष्य की पचास वर्ष तो अनेक पीढ़ियों तक वही वृक्ष दिखाई देने पर वे उसे अनादि घोषित कर देंगे कि यह किसी से पैदा नही हुआ। संसार में ऐसी अनेक भ्रान्तियाँ हैं। इसी प्रकार मनुष्य के पूरे व्यक्तित्व को गर्भस्थ शिशु अपने में छिपाये रहता है